दूरदर्शन के बच्चों के यादगार शो: DD National और DD Metro के Original व Hindi Dubbed कार्यक्रम

दूरदर्शन सिर्फ एक टीवी चैनल नहीं था, बल्कि एक पूरी पीढ़ी के बचपन का भरोसेमंद हिस्सा था। इसी मंच ने बच्चों को विज्ञान, कहानियाँ, कल्पना, स्कूल जीवन, संस्कार, रचनात्मकता और विदेशों से आए पारिवारिक कार्यक्रमों की दुनिया से जोड़ा। DD National और DD Metro पर ऐसे कई कार्यक्रम आए जो आज भी यादों और nostalgia का अहम हिस्सा हैं। नीचे उन कार्यक्रमों की एक व्यवस्थित सूची दी गई है, जिन्हें दो हिस्सों में बाँटा गया है — Original Shows और Hindi Dubbed Shows


1) Original Shows

DD National / DD

  • Aryamaan (आर्यमान) — यह साइंस-फिक्शन/फैंटेसी एक्शन शो भविष्यवादी दुनिया और सुपरहीरो शैली की कहानी पर आधारित था। उस दौर में भारतीय टीवी पर adventurous imagination का यह अलग उदाहरण था। 
  • Aadha Full (आधा फुल) — यह तीन किशोर साथियों की रहस्य सुलझाने वाली टोली और उनकी जीवन-यात्रा की कहानी है। रोमांच, दोस्ती और सामाजिक मुद्दों को मिलाकर यह show बच्चों को सोचने, सवाल पूछने और जिम्मेदार बनने की सीख देता था। 
  • Ank Ajube (अंक अजूबे) — यह बच्चों के लिए गणित पर आधारित रोचक प्रश्नोत्तरी कार्यक्रम था, जिसका उद्देश्य गणित को डराने वाला विषय नहीं बल्कि मज़ेदार और आसान बनाना था। Benjamin Gilani और Neena Kulkarni इसे host करते थे | यह शो गणित पर आधारित था और बच्चों के लिए बनाया गया था ताकि गणित को रोचक एवं सरल बनाया जा सके। शो में बच्चों और होस्ट के बीच संवाद होता था, और एक कंप्यूटर जिसे "शून्य" कहा जाता था, वह जवाबों को सत्यापित करता था। जयंत कृपलानी ने "अंक अजूबे" टीवी शो में कंप्यूटर "शून्य" की आवाज दी थी।
  • Brahmaand / Brahmand – The Universe (ब्रह्मांड) — यह बच्चों के लिए बनाया गया ज्ञानवर्धक कार्यक्रम था, जो ब्रह्मांड, ग्रहों, तारों और विज्ञान की बुनियादी बातों को सरल और रोचक तरीके से समझाता था। कहानी, curiosity और science facts के मेल ने इसे बच्चों के लिए informative yet engaging बनाया।
  • Captain Vyom (कैप्टन व्योम) — नब्बे के दशक का 'कैप्टन व्योम' सिर्फ एक टीवी शो नहीं, बल्कि हमारी कल्पनाओं को अंतरिक्ष की सैर कराने वाला एक खूबसूरत सफर था। 1998 में दूरदर्शन पर प्रसारित यह साइंस-फिक्शन धारावाहिक अपने समय से काफी आगे था।भविष्य की अंतरिक्ष-आधारित दुनिया में रचा गया यह भारतीय science-fiction show खतरनाक अपराधियों, अनजानी शक्तियों और space missions से भरा था। Ketan Mehta के निर्देशन में बना यह 90s का cult show अपने समय से आगे था, जब भारतीय TV पर VFX, futuristic sets और space adventure बहुत कम देखने को मिलते थे। कैप्टन व्योम ने बच्चों की कल्पनाओं को सचमुच अंतरिक्ष की सैर कराई।
  • Chandamama (चंदामामा) — यह बच्चों की रुचि, कल्पनाशीलता और कहानी-सुनने की परंपरा से जुड़ा यादगार कार्यक्रम था। इसमें fantasy, नैतिक सीख और बाल-कथाओं का वह स्वाद था जो बच्चों को मनोरंजन के साथ imagination की दुनिया में ले जाता था।
  • Chunauti (चुनौती) — यह DD National का प्रभावशाली campus drama था, जो कॉलेज जीवन और शिक्षा व्यवस्था की चुनौतियों को सामने लाता था। Ragging, drugs, donations, student politics और principal Shastri की जुझारू लड़ाई के जरिए यह show युवा पीढ़ी और शिक्षा-संस्थानों से जुड़े गंभीर मुद्दों को उठाता था।
  • DD National Kidz Island (किड्ज़ आइलैंड) — यह बच्चों को मनोरंजन के साथ सीख, प्रश्नोत्तरी और उपयोगी बातों से जोड़ने वाला कार्यक्रम था। इसका उद्देश्य बच्चों की curiosity, general awareness और participation को मज़ेदार format में बढ़ाना था।
  • Galli Galli Sim Sim (गली गली सिम सिम) — अभिनय, कठपुतलियों, गीतों और सीख को मिलाकर बना यह कार्यक्रम बच्चों को हँसाता भी था और सिखाता भी था। इसमें basic learning, social behaviour, भाषा, numbers और emotional understanding को playful तरीके से प्रस्तुत किया जाता था।
  • Haddi Raja (हड्डी राजा) — यह Tarram Tu से जुड़ा मशहूर हिंदी गीत/segment था, जो बच्चों को खाने-पीने, पोषण और सेहत की अहमियत मज़ेदार ढंग से समझाता था। इसकी catchy presentation और playful lyrics ने इसे बच्चों के बीच यादगार बना दिया।
  • Indradhanush (इंद्रधनुष) — यह बच्चों की science-fiction आधारित रोमांचक कहानी थी, जिसमें aliens, time travel और अद्भुत वैज्ञानिक कल्पनाओं का आकर्षण था। उस दौर में Indian TV पर बच्चों के लिए sci-fi adventure rare था, इसलिए इंद्रधनुष ने imagination और mystery का अलग अनुभव दिया।
  • Junior G (जूनियर जी) — यह एक बच्चे के superhero बनने और जादुई अंगूठी की ताकत से बुराई से लड़ने की कहानी थी। बच्चों के लिए इसमें adventure, fantasy, bravery और अच्छाई की जीत का engaging mix था।
  • M.A.D. (एम.ए.डी.) — यह कला, हस्तकला, संगीत और do-it-yourself creativity पर आधारित बच्चों का लोकप्रिय कार्यक्रम था। इसमें simple materials से craft, drawing और creative objects बनाने के ideas दिए जाते थे, जिससे बच्चों की imagination और hands-on creativity बढ़ती थी।
  • Malgudi Days (मालगुडी डेज़) — आर.के. नारायण की कहानियों पर आधारित यह serial मालगुड़ी नाम के काल्पनिक कस्बे की सादगी, बचपन और इंसानी रिश्तों को खूबसूरती से दिखाता है। Swami और Malgudi की दुनिया आज भी DD classics की सबसे प्यारी और भावनात्मक यादों में शामिल है।
  • Neev (नींव) — यह छात्रावास के जीवन, दोस्ती, शरारतों और बड़े होने के भावनात्मक अनुभवों को दिखाने वाला कार्यक्रम था। इसमें school/hostel life के जरिए discipline, friendship, rivalry और growing-up की छोटी-छोटी सीखों को संवेदनशील ढंग से दिखाया गया।
  • School Days (स्कूल डेज़) — यह किशोर विद्यार्थियों के लिए पहचाना जाने वाला पुराना कार्यक्रम था, जो स्कूल जीवन, दोस्ती, पढ़ाई और youthful experiences से जुड़ा था। इसमें students की दुनिया को सरल, relatable और nostalgic अंदाज़ में प्रस्तुत किया जाता था।
  • Shaka Laka Boom Boom (शाका लाका बूम बूम) — जादुई pencil वाले Sanju की यह fantasy कहानी बच्चों के बीच बेहद लोकप्रिय हुई। Pencil से बनाई गई चीज़ों का सच हो जाना, adventure और imagination का यह mix बच्चों की fantasy world का खास हिस्सा बन गया।
  • Shaktimaan (शक्तिमान) — भारतीय superhero पर आधारित यह प्रसिद्ध कार्यक्रम अच्छाई, शक्ति, नैतिकता और रोमांच का प्रभावशाली मेल था। Gangadhar और Shaktimaan के dual identity format ने बच्चों को entertain करने के साथ सही-गलत, जिम्मेदारी और साहस की सीख भी दी।
  • Tarang (तरंग) — यह दूरदर्शन का बच्चों के लिए बनाया गया यादगार शैक्षिक और मनोरंजक कार्यक्रम था। 


  • Tarang Serial (तरंग सीरियल) — “सीआईईटी लेकर आया तरंग, तरंग, खेल है तरंग, पहेली है तरंग, मज़ा है तरंग।” तरंग बच्चों के लिए दूरदर्शन का लोकप्रिय show था, जिसमें अलग-अलग segments के जरिए मनोरंजन और शिक्षा दोनों को जोड़ा गया। इसके episodes आज भी nostalgia जगाते हैं और बच्चों के पुराने Doordarshan programming की याद दिलाते हैं। 



  • Tarram Tu (टर्रम तू) — यह Tarang का बेहद यादगार हिस्सा था, जो बच्चों के लिए कहानियाँ, सीख और मनोरंजक प्रस्तुतियाँ लेकर आता था। इसकी playful style और बाल-मन से जुड़ी भाषा ने इसे बच्चों के बीच खास पहचान दी।
  • Tenali Rama (तेनाली रामा) — यह विजयनगर दरबार के चतुर कवि तेनाली राम की कहानी है, जो अपनी बुद्धि, हास्य और हाज़िरजवाबी से मुश्किल से मुश्किल समस्याएँ सुलझाता है। हर episode में comedy, wit और moral lesson का सुंदर मेल देखने को मिलता था।
  • The Stone Boy (द स्टोन बॉय) — यह दोस्ती, जादू और कल्पना से जुड़ी बच्चों की अनोखी कहानी थी। इसमें fantasy और emotion का ऐसा मेल था जो बच्चों को रहस्य और संवेदना दोनों से जोड़ता था।
  • Turning Point (टर्निंग पॉइंट) — यह विज्ञान को आसान, रोचक और रोज़मर्रा की समझ से जोड़कर पेश करने वाला लोकप्रिय कार्यक्रम था। वैज्ञानिक concepts, discoveries और experiments को सरल भाषा में समझाकर इसने science को बच्चों और युवाओं के लिए approachable बनाया।
  • Vikram Betaal (विक्रम बेताल) — राजा विक्रम और बेताल की रोचक कहानियों पर आधारित यह fantasy धारावाहिक हर episode में एक नई पहेली, नैतिक dilemma और सीख लेकर आता था। बेताल की कहानियाँ और विक्रम की बुद्धिमत्ता ने इसे बच्चों और परिवारों दोनों के लिए यादगार बनाया।
  • Yahan Ke Hum Sikandar (यहाँ के हम सिकंदर) — यह छोटे शहर के विद्यार्थियों के सपनों, संघर्ष और आत्मविश्वास की प्रेरक कहानी थी। पढ़ाई, competition, friendship और self-belief के जरिए यह show युवाओं को आगे बढ़ने की प्रेरणा देता था।

  • DD Metro / DD2

    • Raja Aur Rancho (राजा और रैंचो) — यह बच्चों और परिवारों के लिए बनी detective-adventure series थी, जिसमें जासूस Raja और उसका पालतू बंदर Rancho मिलकर रहस्यमयी मामलों को सुलझाते थे। Rancho की समझदारी, शरारत और Raja की detective skills ने इस show को बच्चों के बीच खासा लोकप्रिय बनाया। हर episode में suspense, comedy और हल्का-फुल्का action देखने को मिलता था।
    • Betaal Pachisi (बेताल पचीसी) — बेताल पचीसी 1997–98 के दूरदर्शन युग का fantasy-adventure serial था, जिसमें Shahbaz Khan ने बेताल का मुख्य किरदार निभाया था। Shahbaz Khan, Tom Alter और Sonu Walia जैसे कलाकारों वाला यह show mystery, adventure और superhero-like visual style के कारण बच्चों और युवाओं में लोकप्रिय रहा। इसका रहस्यमयी माहौल, action और fantasy tone इसे 90s की यादगार DD serials में शामिल करता है। रात के अँधेरे में, एक साया उतरता है, कोहरे का एक बादल सा, रास्तों से गुजरता है, कोई कहे ख्वाब है, कोई कहे ख्याल, यह तो है बेताल, यह तो है बेताल...

    2) Hindi Dubbed Shows

    DD National / DD1

    • Bananas in Pyjamas — दो मज़ेदार केले जैसे पात्रों और उनके दोस्तों की सरल, चंचल और नन्हे बच्चों के लिए उपयुक्त कहानियों वाला कार्यक्रम।
    • Giant Robot (Johnny Sokko) — विशाल रोबोट, खतरनाक दुश्मनों और अद्भुत प्राणियों से भरी रोमांचक दुनिया वाला बेहद यादगार विदेशी कार्यक्रम।
    • Charlie Chaplin — यह चार्ली चैप्लिन के मूक हास्य प्रसंगों और उनके प्रसिद्ध “लिटिल ट्रैम्प” किरदार पर आधारित मनोरंजक कॉमिक प्रस्तुतियों का संग्रह है, जिसमें गरीबी, मानवता और हास्य का अनोखा मेल दिखता है।
    • Knight Rider — यह माइकल नाइट नामक अपराध-से-लड़ने वाले नायक और उसकी कृत्रिम बुद्धिमत्ता से लैस, लगभग अजेय सुपरकार KITT के रोमांचक मिशनों की कहानी है।
    • Space City Sigma — यह भारत के शुरुआती साइंस-फिक्शन धारावाहिकों में से एक है, जिसमें अंतरिक्ष-शहर Sigma मानव जाति की एलियंस के खिलाफ अंतिम चौकी के रूप में दिखाया गया है।
    • The Great Experiment — यह बच्चों का शैक्षिक विज्ञान-कार्यक्रम था, जिसमें प्रयोगों और वैज्ञानिक सिद्धांतों को मज़ेदार व आसान तरीके से समझाया जाता था।
    • टेलीमैच (Telematch) — यह जर्मन गेम शो था जिसमें अलग-अलग शहरों की टीमें मज़ेदार, कॉस्ट्यूम-आधारित फिजिकल गेम्स में मुकाबला करती थीं। इसे कई भाषाओं में डब किया गया और भारत समेत कई देशों में दिखाया गया।
    • ओशिन (Oshin) — यह जापानी ड्रामा शिन “ओशिन” तनोकुरा के संघर्षपूर्ण जीवन की कहानी है जिसमें एक गरीब बच्ची कठिनाइयों से जूझते हुए मेहनत, आत्मसम्मान और धैर्य के सहारे सफलता तक पहुँचती है। ब्लॉग के अनुसार यह 297 छोटे एपिसोड्स वाला बेहद लोकप्रिय शो था और कई देशों में प्रसारित हुआ। यह मेइजी काल से आधुनिक दौर तक फैली हुई है। 

    DD Metro / DD2

  • Street Hawk (स्ट्रीट हॉक) — यह Jesse Mach नाम के पूर्व motorcycle police officer की कहानी है, जो एक secret government mission के तहत अत्याधुनिक और तेज़-तर्रार लड़ाकू bike Street Hawk पर सवार होकर अपराधियों से लड़ता है। High-speed action, futuristic bike और crime-fighting theme के कारण यह show बच्चों और युवाओं के लिए बेहद रोमांचक था। दूरदर्शन पर प्रसारित होने के बाद यह imported action shows की nostalgic memory बन गया।
  • Suno Kahani (सुनो कहानी) — यह लोककथाओं, लघु कथाओं और साहित्यिक कहानियों को दृश्य रूप में प्रस्तुत करने वाला कार्यक्रम था। बच्चों और परिवारों के लिए इसमें मनोरंजन के साथ नैतिक सीख, कल्पना और कहानी-कहने की भारतीय परंपरा का सुंदर मेल देखने को मिलता था। इसका title song भी कई दर्शकों की nostalgia memory का हिस्सा है। (Title Song Lyrics)
  • Teletubbies (टेलीटबीज़) — यह बहुत छोटे बच्चों के लिए बना रंग-बिरंगा और playful international programme था, जिसमें Tinky Winky, Dipsy, Laa-Laa और Po अपनी कल्पनाशील दुनिया में रहते हैं। सरल भाषा, repetition, music और visual play के जरिए यह toddlers को रंग, आवाज़, movement और basic interaction से जोड़ता था। इसकी innocent दुनिया और quirky style ने इसे बच्चों के बीच अलग पहचान दी।
  • Chutti Chutti (छुट्टी छुट्टी) — यह गर्मी की छुट्टियों में मई-जून के दौरान आने वाला बच्चों का विशेष programme था, जिसमें अलग-अलग cartoons, कहानियाँ और मज़ेदार प्रस्तुतियाँ दिखाई जाती थीं। Vacation mood, हल्का-फुल्का मनोरंजन और बच्चों के लिए curated content इसकी खासियत थी। यह उन shows में से था जिनका इंतज़ार बच्चे छुट्टियों में बड़े उत्साह से करते थे।
  • Laurel and Hardy (लॉरेल एंड हार्डी) — यह Stan Laurel और Oliver Hardy की विश्वप्रसिद्ध slapstick comedy जोड़ी की classic कहानियाँ थीं। Laurel की भोली-भाली हरकतें और Hardy की अकड़ हर बार ऐसी गड़बड़ियाँ पैदा करती थीं कि बिना ज़्यादा संवादों के भी खूब हँसी आती थी। दूरदर्शन पर इनके episodes ने भारतीय दर्शकों को silent/physical comedy की timeless charm से जोड़ा।
  • Funtoosh ke Wantoosh
  • Films Division Animated Shorts

    • Ek Anek — “Ek Chidiya, Anek Chidiyan” वाले गीत के लिए याद की जाने वाली राष्ट्रीय एकता और मिलजुलकर काम करने का संदेश देने वाली प्रसिद्ध छोटी एनिमेटेड फ़िल्म।
    • Tree of Unity — सत्तर के दशक का एक यादगार संदेशप्रधान एनिमेशन, जो एकता और साथ मिलकर रहने का महत्व बताता था और लंबे समय तक दूरदर्शन पर दिखाया जाता रहा।

    Conclusion

    दूरदर्शन का बच्चों वाला संसार सिर्फ कार्टून तक सीमित नहीं था। यहाँ विज्ञान पर आधारित कार्यक्रम थे, स्कूल जीवन से जुड़ी कहानियाँ थीं, कल्पनाशील रोमांच थे, कठपुतली कार्यक्रम थे, अद्भुत नायक थे और विदेशों से आए पारिवारिक कार्यक्रम भी थे। यही वजह है कि DD National और DD Metro के ये कार्यक्रम आज भी बचपन की यादों और भारतीय टेलीविजन संस्कृति का अहम हिस्सा माने जाते हैं।

    अगर एक वाक्य में कहा जाए, तो दूरदर्शन ने बच्चों को सिर्फ मनोरंजन नहीं दिया — उसने कल्पना, सीख, संस्कार और आश्चर्य का पूरा संसार दिया।

    *90s की यादों में और डूबना है, तो यहाँ और नॉस्टैल्जिया पोस्ट्स पढ़ें।

    Comments

    What are people reading?

    Lyrics of Title Song from Bharat Ek Khoj

    3 Idiots (Based on Chetan Bhagat's novel Five Point Someone)

    Kanpur Coaching Gurus

    Kanpur Coaching Mandi

    An off beat Post about Me